शिविर के विशिष्ट अतिथि एवं पूर्व अतिरिक्त महाधिवक्ता अनिल जोशी ने कहा कि राजस्थानी परंपरा में पगड़ी और साफे का विशेष महत्व है। जोधपुरी साफा न केवल शौर्य का प्रतीक है, बल्कि आज के समय में यह रोजगार का एक महत्वपूर्ण साधन भी बनता जा रहा है।