सरकार ने पूरे देश में डॉक्टर की पर्ची के बिना कफ सीरप की बिक्री पर रोक लगा दी है। मध्य प्रदेश और राजस्थान में बच्चों की मौत के बाद 1945 के औषधि नियमों में बदलाव कर इसे सख्त किया गया है।