राजस्थान हाईकोर्ट ने फैसला दिया कि प्लेसमेंट एजेंसी से नियुक्त चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भी न्यूनतम वेतनमान के हकदार हैं। कोर्ट ने राज्य सरकार को 60 दिन में आदेश जारी करने के निर्देश दिए।