जयपुर, कोटा और बीकानेर में प्रसूताओं की किडनी फेल होने के मामलों के बाद राजस्थान सरकार ने सरकारी अस्पतालों के ICU की विशेष मॉनिटरिंग का फैसला किया है। संक्रमण की समय पर पहचान के लिए आधुनिक डिटेक्शन मशीनें लगाने और सर्वे कराने की तैयारी शुरू हुई है।